2
votes

CycleBeads: New Efective Birth Control Method

Sep 23, 2011
Those who are reluctant to use hormonal birth control methods may try new natural method called "Standard Days Method". Basically this is another variation of rhythm method that can be both used for getting pregnant as well as to avoid unwanted pregnancy.

The recent research from Institute of Reproductive Health at Georgetown University Medical Center showed that Standard Days Method is 95 percent effective at preventing pregnancy during the first three years. The study involved more than1, 600 women, who used this method for at least three years.

So what is the Standard Days Method? This method determines the 12-day fertile window of menstrual cycle. These fertile days account for the egg's lifespan (24 hours), viable life of sperm (about 5 days) and variations in actual timing of ovulation.

To help women identify those "fertile" and "infertile" days, specialists developed CycleBeads, a band with 32 color-coded beads, each of them indicating the days of menstrual cycle. You start with the red-colored bead when your periods begin, moving the rubber ring along one bead each day. The 12 glow-in-the-dark beads represent your fertile window, while the brown-colored beads indicate the days, when you are very unlikely to get pregnant. CycleBeads were developed by the Instutute for Reproductive Health and were previously considered an effective short-term family planning method. In fact, it can be used, if you are trying to conceive, as well as a way to avoid pregnancy.

Now, the new study shows that Standard Days Method can be an effective as long-term alternative. The failure rate is less than 5 percent, which is higher than some other birth control methods, such as condom or diaphragm.

The method is mostly suitable for women who have 26-32 day menstrual cycles and it does not have side effects.

Related:


Jun 05, 2017 12:56 PM » posted by: Продвижение сайта
Продвижение ваших сайтов вас интересует? Помогу!

Что вы получите?

1. Более 1000 открытых к индексации ссылок с сайтов и форумов на свой сайт.
2. Улучшение доверия Яндекса и Гугла.
3. Поднятие позиций в ПС по важным ключам.
4. Траст.
5. Рост ТИЦ.

По окончании работы, я высылаю вам файл TXT, в котором имеются ссылки с ресурсов на ваш сайт.

[b]Отпишите плиз на адрес --> proxrum@mail.ru[/b]
По стоимости договоримся!

Oct 26, 2015 12:35 PM » posted by: Elena
म श र :धन यव द म श र ज ,आपक प न द ष ट , और ज ज ञ स त मक भ ख क ब ल त र फ़ ह आजकल इसक बह त अभ व ह , और इस क स थ आपन ब ल ग जगत म व च र और व ज ञ न कत क ज अलख जल रख ह वह एक ब हद जर र और स मय क ह और इत ह स बन रह ह स प क षत और न रप क षत क अ तरव र ध पर आपन ख ब नज़र ड़ ल ह वस त गतत क स प क ष व श ल षण स त त पर य, उसक अन य वस त ओ ज सम क कई ब र प र क षक भ श म ल ह त ह , क स थ अ तरस ब ध क स प क ष व श ल षण स ह त ह प र क षक क उसक स थ न रप क ष रहन स त त पर य उस वस त व श ष क स थ उसक ह त , concerns और प र व ग रह स म क त रहन स ह त ह न रप क ष द ष ट और स प क ष व श ल षण क ब न व स तव कत क प र ण पर वर तन स भव नह ह सकत इस प रण ल स व स तव कत क प रत एक स र व क द ष ट क ण प द ह सकत ह यह अक सर नह ह प त और इस ल ए द ष ट भ द प द ह त ह एक ह व स तव कत अलग-अलग ल ग म भ न न-भ न न तरह स पर वर त त ह त ह श क र य

Oct 26, 2015 12:35 PM » posted by: Elena
म श र :धन यव द म श र ज ,आपक प न द ष ट , और ज ज ञ स त मक भ ख क ब ल त र फ़ ह आजकल इसक बह त अभ व ह , और इस क स थ आपन ब ल ग जगत म व च र और व ज ञ न कत क ज अलख जल रख ह वह एक ब हद जर र और स मय क ह और इत ह स बन रह ह स प क षत और न रप क षत क अ तरव र ध पर आपन ख ब नज़र ड़ ल ह वस त गतत क स प क ष व श ल षण स त त पर य, उसक अन य वस त ओ ज सम क कई ब र प र क षक भ श म ल ह त ह , क स थ अ तरस ब ध क स प क ष व श ल षण स ह त ह प र क षक क उसक स थ न रप क ष रहन स त त पर य उस वस त व श ष क स थ उसक ह त , concerns और प र व ग रह स म क त रहन स ह त ह न रप क ष द ष ट और स प क ष व श ल षण क ब न व स तव कत क प र ण पर वर तन स भव नह ह सकत इस प रण ल स व स तव कत क प रत एक स र व क द ष ट क ण प द ह सकत ह यह अक सर नह ह प त और इस ल ए द ष ट भ द प द ह त ह एक ह व स तव कत अलग-अलग ल ग म भ न न-भ न न तरह स पर वर त त ह त ह श क र य

Oct 26, 2015 12:35 PM » posted by: Elena
म श र :धन यव द म श र ज ,आपक प न द ष ट , और ज ज ञ स त मक भ ख क ब ल त र फ़ ह आजकल इसक बह त अभ व ह , और इस क स थ आपन ब ल ग जगत म व च र और व ज ञ न कत क ज अलख जल रख ह वह एक ब हद जर र और स मय क ह और इत ह स बन रह ह स प क षत और न रप क षत क अ तरव र ध पर आपन ख ब नज़र ड़ ल ह वस त गतत क स प क ष व श ल षण स त त पर य, उसक अन य वस त ओ ज सम क कई ब र प र क षक भ श म ल ह त ह , क स थ अ तरस ब ध क स प क ष व श ल षण स ह त ह प र क षक क उसक स थ न रप क ष रहन स त त पर य उस वस त व श ष क स थ उसक ह त , concerns और प र व ग रह स म क त रहन स ह त ह न रप क ष द ष ट और स प क ष व श ल षण क ब न व स तव कत क प र ण पर वर तन स भव नह ह सकत इस प रण ल स व स तव कत क प रत एक स र व क द ष ट क ण प द ह सकत ह यह अक सर नह ह प त और इस ल ए द ष ट भ द प द ह त ह एक ह व स तव कत अलग-अलग ल ग म भ न न-भ न न तरह स पर वर त त ह त ह श क र य


Notice: All Comments are moderated, offensive or off-topic comments will be deleted.
You can also stay up to date using your favorite aggregator by subscribing to the RSS

Name: 
Text: 
Enter the code shown »